• Thu. Sep 16th, 2021

GETREALKHABAR

E News/educational stories, poem and life style/only clean content

मित्रता दिवस कहानी एक यादों के झरोके से

Byuser

Aug 1, 2021

आज मित्रता दिवस है | पहला मैत्री दिवस 1958 में 30 जुलाई को विश्व मैत्री धर्मयुद्ध द्वारा प्रस्ताबित किया गया था | 30 जुलाई को आधिकारिक तौर पर मैत्री दिवस घोषित किया गया लेकिन भारत सहित कई देश अगस्त के पहले इतवार को मैत्री दिवस मनाते हैं | इसी दिवस से जुडी एक रोचक कथा जो सत्य घटनाओं पर आधरित है | ये कहानी आज से लगभग 15 वर्ष पुरानी है | मेरा एक दोस्त था ( जिसका नाम/जगह का उल्लेख किये बगैर हम कहानी को आगे बढ़ाएंगे ) जो मेरे साथ सर्विस पर था हम दोस्त तो थे मगर वह मेरे से उम्र में काफी बड़ा था | उस समय ज्यादातर लोंगो के पास कीपैड बाले मोबाईल हुआ करते थे मेरे पास और मेरे दोस्त के पास भी वही कीपेड बाला मोबाईल ही था | मुझे अच्छी तरह याद है वो रबिवार का दिन उस समय हम लोग छुट्टी का दिन एन्जॉय कर रहे थे तब फ्रेंडशिप डे आदि के वारे में हम ज्यादा नहीं जानते थे या यूं कहें इन सब में कोई रूचि ही नहीं थी | उस दिन मेरे दोस्त के मोबाईल पर एक मेसेज आया उसमें लिखा था हैप्पी फ्रेंडशिप डे और अंत में लिखा था क्या मुझसे दोस्ती करोगे | ये घटना नार्थ ईस्ट की है वहां के स्थानीय निवासी हिंदी को रोमन में लिखकर मेसेज भेजते थे वैसे तो ये एक नार्मल घटना थी आज के समय तो ऐसे अनेकों व्हाट्सएप्प मेसेज लोग इधर से उधर भेजते रहते है और लोग उन पर अपनी प्रतिक्रिया भी नहीं छोड़ते लेकिन उस समय किसी लड़की द्वारा मेसेज भेजना भी बड़ा रोमांचक था | मेरे दोस्त ने बह मेसेज पढ़ा और मुझसे शेयर करते हुए बोला यार इसका जवाब तो भेजेंगे मैंने कहा ठीक है जब आप एक लड़की से दोस्ती करना चाहते हैं तो दोस्ती मंजूर है का मेसेज भेज दो अब परेशानी ये थी कि जनाब मेसेज तो भेजना चाहते थे लेकिन मेसेज के दो रूपये खर्च करना नहीं चाहते थे | बड़ी मुश्किल से उन्होंने मेसेज भेज दिया अब उनकी दोस्ती आगे बढ़ी तो लड़की का फिर मेसेज आ गया जिसमें लिखा था अपने बारे में बताओ | दोस्त ने फिर मेरे से वह मेसेज शेयर किया इस वॉर मैंने उन्हें आगाह किया कि अब इस दोस्ती यही स्टॉप कर दो तुम शादी शुदा हो और आगे तुम्हारे लिए परेशानी खड़ी हो सकती है लेकिन उनकी समझ में नहीं आया और उन्होंने दोस्ती को आगे बढ़ाना जारी रखा अब उसने अपने फोन में मेसेज पैक भी डलवा लिया और शेयरों शायरी के थ्रू अपनी बात उस लड़की तक पहुंचाने लगे | एक विशेष बात मेरे नोटिस आ रही थी कि उसने अब मेसेज मुझसे सेयर करने बंद कर दिए थे मैंने भी सोचा शायद अब मेसेज नहीं आ रहे होंगे लेकिन बात कुछ तो थी ये मैं भी समझ रहा था कि अब दोस्त के पास मुझसे बात करने का समय नहीं रहा था वह बड़ा खुश रहने लगा था |
एक दिन गलती से वह अपना मोबाईल मेरे पास छोड़ कर किसी काम में लग गया मैंने उत्सुकता बश उसका मोबाईल उठाया और मेसेज इनबॉक्स खोला तो हैरान रह गया वहां तो मेसेजों की झड़ी लगी है उस लड़की के ज्यादातर मेसेज में अब यही लिखकर आ रहा था कि आप तो बश एक बार हमसे बात कर लो |
दोस्त बापिस आया तो मैंने कहा यार लड़की के तेरे पास इतने मेसेज आ रहे है और तू बात ही नहीं करता | उसने मेरी तरफ ऐसे देखा जैसे मैंने उसकी चोरी पकड़ ली हो फिर बोला यार मैं तो यूं ही टाइम पास के लिए मेसेज भेज रहा था पर बात नहीं करूँगा पता नहीं क्या बोलेगी | मैं समझ गया दोस्त लड़की के प्यार के चक्क्रर में फंस चूका है इसलिए मैंने उससे कहा यार तू एक बार बात तो कर में तेरे साथ रहूँगा तू फोन को हेंड फ्री कर लेना | आपको ये जानकर हैरानी होगी कि जनाब मेसेज के थ्रू अपनी दोस्ती को पिछले दो वर्षों से आगे बढ़ाये हुए थे ,लड़की भी उनके मेसेज से इतनी प्रभाबित थी कि उनसे एक बार बात करने के लिए सैंकड़ों मेसेज कर चुकी थी | आखिर मेरी बात मानकर दोस्त ने बात करने की सहमति प्रकट की समय देखकर हम दोनों अकेले एक सुनसान जगह पर बैठे और दोस्त ने लड़की को पहली घंटी कर दी थोड़ी रिंग जाते ही लडकी ने फोन उठा लिया और उधर से बड़ी मीठी आबाज सुनाई दी हैल्लो लेकिन मेरे दोस्त की आबाज गले में ही फंसकर रह गई और मेरे कई बार इशारा करने के बाद उसके मुंह से हेलो निकला उधर से फिर आबाज आई मैं आपकी कॉल का पिछले एक वर्ष से इन्तजार कर रही हूँ मैंने जिद कर रखी थी जब आप फोन करेंगे तभी बात करुँगी | इतना कहकर वह खामोश हो गई अब बारी दोस्त की थी लेकिन वह नर्वस होने के कारण कुछ बोल ही नहीं पा रहा था | थोड़ी देर बाद फिर लड़की की आबाज आई आप कुछ बोलते क्यों नहीं | इस बार दोस्त ने अपने आपको सभालते हुए लड़की से बोलना शुरू किया मसलन आप कहाँ रहती है ,क्या करती हैं आदि -आदि | दोस्त की आबाज सुनकर अब उधर से ख़ामोशी छा गई फिर उसकी आबाज आई दोस्त आपकी उम्र मुझसे दोगुनी ज्यादा है मैं अपना जीवन साथी चुनने के लिए ये फ्रेंडशिप मेसेज भेजती हूँ कोई बात नहीं अब मैं तुम्हें अंकल दोस्त कहकर बुलाऊंगी | क्योंकि फोन स्पीकर पर था इसलिए लड़की की बात सुनकर मैं अपनी हंसी नहीं रोक पा रहा था लेकिन दोस्त का चेहरा जैसे निस्तेज हो गया हो ऐसा लग रहा था | लड़की ने आबाज से ही सही अंदाजा लगा लिया था कि मेरे दोस्त की उम्र लड़की की उम्र से बहुत बड़ी है | इस घटना के बाद मेरे दोस्त ने फिर कभी ऐसे प्रपंच में न पड़ने की कसम खाई |
ये सच है की दोस्ती के मायने बहुत अधिक जीवन पर असर डालने बाले होते हैं लेकिन जरूरी नहीं हम सिर्फ एक बिशेष नजरिये के लिए ही किसी से दोस्ती करें दोस्ती तो दोस्ती होती है जो सब रिश्तों से परे होती है जहाँ किसी से कुछ लेना नहीं बल्कि कुछ देने की प्रबृति हो बही दोस्ती है |

Leave a Reply